दिल्ली से सटे एक शहर में नौवीं मंजिल से कूदकर जान देने वाली दो सगी बहनों की मौत ने पूरे इलाके को हिला दिया है। इस दिल दहला देने वाली घटना के पीछे की जो वजह सामने आई है, वो हैरान कर देने वाली है। पुलिस को मौके से एक पॉकेट डायरी मिली है, जिसमें आठ पन्नों का लंबा सुसाइड नोट लिखा है। इस नोट में लड़कियों ने अपने माता-पिता के प्रति प्यार और साथ ही कोरियन संस्कृति के प्रति अपने गहरे जुनून का जिक्र किया है। पुलिस ने डायरी को कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है।
‘कोरियन लव लव लव’: आखिरी शब्दों में झलकता जुनून
सुसाइड नोट में इन बहनों ने अपनी कहानी को ‘ट्रू लाइफ स्टोरी’ बताते हुए लिखा है, “वी आर लव कोरियन लव लव लव।” उनके शब्दों में कोरियन संस्कृति के प्रति उनका गहरा लगाव साफ झलकता है। उन्होंने माता-पिता को संबोधित करते हुए लिखा है, “इस डायरी में जो कुछ लिखा है, वो सब पढ़ लो, क्योंकि ये सब सच है रीड नाऊ..। लो छुड़वाओगे हमसे कोरियन। कोरियन हमारी जान थी तो तुमने हिम्मत भी कैसे की हमसे हमारी जान छोड़ने को कहने की।” यह लाइन उनके इस गहरे जुनून को दर्शाती है कि वे कोरियन संस्कृति को अपनी जान से भी ज्यादा प्यार करती थीं। उन्होंने अंत में अपने पिता से माफी भी मांगी है, “आई एम रियली सॉरी पापा।”
माता-पिता से शिकायत: कोरियन और K-Pop से दूर रखने का दबाव
सुसाइड नोट में बहनों ने अपने माता-पिता से शिकायत की है कि वे नहीं जानते कि बेटियां उनसे कितना प्यार करती थीं। लेकिन वे कोरियन संस्कृति और K-Pop से उन्हें दूर रखने का लगातार दबाव बना रहे थे, जिसमें उनकी जान बसती थी। उन्होंने लिखा, “लो अब देख लो सुबूत, हम कोरियन एक्टर और के-पॉप ग्रुप को तुमसे ज्यादा चाहते हैं। कोरियन से प्यार करने के लिए तुम्हें हम ऑप्शन देते हैं।” यह बताता है कि माता-पिता की रोक-टोक उन्हें कितनी नागवार गुजर रही थी।
भाई को भी बनाया ‘दुश्मन’: बॉलीवुड से नफरत!
इस डायरी में एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। बहनों ने अपने भाई देवू को भी अपना ‘दुश्मन’ बना लिया था। उन्होंने लिखा कि वे अपने कोरियन दोस्तों से भाई देवू को ‘लीनो’ नाम से ऑनलाइन मिलवाती थीं, लेकिन माता-पिता ने उसे ‘बॉलीवुड जैसा’ बना दिया, जिससे वे बेहद नफरत करती थीं। उन्होंने लिखा, “जब हम देवू को लीनो भइया और दीदी को कुईना नाम से पुकारते थे तो मम्मी टीना आकर डांटती थी कि उसे अपनी तरह कोरियन मत बनाओ। इसे कुछ पढ़ना-लिखना सिखा दो। ये हमें बुरा लगता था। हम तीनों ने फैसला लिया और देवू को अपना दुश्मन बना लिया, क्योंकि तुम लोगों ने उसे हमारी तरह नहीं बनने दिया।” यह दर्शाता है कि कोरियन संस्कृति को लेकर उनका जुनून इतना गहरा था कि वे अपने भाई को भी उसी रंग में देखना चाहती थीं।
‘तुम्हारी मार से बेहतर हमें मौत लगती है’: शादी को लेकर भी था विरोध
सुसाइड नोट में शादी को लेकर भी बहनों की सोच सामने आई है। उन्होंने लिखा, “वह पसंद और प्यार करते थे कोरियन से और शादी इंडिया के आदमी से। ऐसा कभी नहीं हो सकता।” यह लाइन उनके इस दृढ़ निश्चय को दर्शाती है कि वे किसी भी भारतीय से शादी करने को तैयार नहीं थीं, क्योंकि उनका दिल कोरियन संस्कृति में रमा हुआ था। उन्होंने माता-पिता की मार-पिटाई का भी जिक्र करते हुए लिखा है, “तुम्हारी मार से बेहतर हमें मौत लगती है। इसीलिए हमने खुदकुशी कर ली…सॉरी पापा।” यह दर्दनाक खुलासा बताता है कि उन्हें शायद शारीरिक या मानसिक प्रताड़ना का भी सामना करना पड़ रहा था, जिसने उन्हें यह भयावह कदम उठाने पर मजबूर कर दिया।